चिरमिरी में SECL की सफाई व्यवस्था सवालों के घेरे में: गंदगी से लोग परेशान
चिरमिरी में SECL की सफाई व्यवस्था सवालों के घेरे में: गंदगी से लोग परेशान

चिरमिरी, छत्तीसगढ़: एसईसीएल (साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड) चिरमिरी क्षेत्र में स्वच्छता अभियान सिर्फ कागजों तक सीमित होता दिख रहा है। शहर के कई इलाकों में कचरा प्रबंधन की खराब स्थिति लोगों के लिए एक बड़ी समस्या बन गई है। जगह-जगह लगे कूड़े के ढेर, नालियों का जाम होना और नियमित सफाई न होने से न केवल बदबू फैल रही है, बल्कि बीमारियों का खतरा भी बढ़ रहा है।
मुख्य समस्याएँ:
नियमित सफाई का अभाव: स्थानीय लोगों का कहना है कि कचरा उठाने वाली गाड़ियां समय पर नहीं आती हैं। कई दिनों तक कचरा जमा रहता है, जिससे वह सड़ने लगता है और दुर्गंध पूरे इलाके में फैल जाती है।
खुले में कचरा डंपिंग: कंपनी द्वारा निर्धारित डंपिंग साइट्स के अलावा, कई जगहों पर खुले में कचरा फेंका जा रहा है। नदी-नालों के किनारे और जंगल में कचरा डंप करने से पर्यावरण को भी नुकसान पहुँच रहा है।
* कर्मचारियों की कमी और लापरवाही: आरोप हैं कि सफाई कर्मचारियों की संख्या पर्याप्त नहीं है और जो हैं, वे भी सही ढंग से काम नहीं करते। कई बार तो वे बिना सुरक्षा उपकरणों के ही काम करते नजर आते हैं।

* ठेकेदारी व्यवस्था में गड़बड़ी: सूत्रों के अनुसार, सफाई का काम जिस ठेकेदार को दिया गया है, वह नियमों का सही पालन नहीं कर रहा है। इससे काम की गुणवत्ता पर सीधा असर पड़ रहा है।
लोगों की मांग:
स्थानीय निवासियों ने एसईसीएल प्रबंधन से इस समस्या को गंभीरता से लेने की अपील की है। उनकी मांग है कि सफाई व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए, कचरे का नियमित उठाव सुनिश्चित हो और ठेकेदार पर सख्त कार्रवाई की जाए। अगर जल्द ही इस पर ध्यान नहीं दिया गया, तो यह गंदगी शहर में महामारी का रूप ले सकती है।

इस मामले में एसईसीएल के अधिकारियों की तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
अभी कुछ दिनों पहले क्षेत्र के विधायक प्रदेश में स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के द्वारा चिरमिरी नगर निगम के छोटा बाजार में फैले पीलिया प्रभावित क्षेत्र में दौरा किया था जहां पर हालात को देखते हुए 15 दिवस के अंदर सब कुछ दुरुस्त करने की हिदायत दी थी और साफ साफ कहा था कि अगर हालत ठीक नहीं हुए तो जिम्मेदारों पर एफआईआर दर्ज कराई जाए ।

जिसे देखते हुए एसईसीएल कुरासिया उप क्षेत्रीय प्रबंध एवं एसईसीएल श्रमिक संगठनों के क्षेत्रीय जेसीसी एवं यूनिट जेसीसी के साथ कुरासिया कॉलरी के विभिन्न आवासीय क्षेत्रों का दौरा किया जहां श्रमिक संगठनों के पदाधिकारियों ने साफ सफाई व्यवस्था को लेकर ठेकेदार के कार्यप्रणाली पर सवाल उठाया साथ ही श्रमिक कॉलोनियों में लोगों ने नियमित साफ सफाई नहीं किए जाने को लेकर शिकायत भी की गई इसी तरह रीजनल अस्पताल कॉलोनी जहां चिरमिरी ओसीएम के उपक्षेत्रीय प्रबंधक के निवास के पीछे की स्थिति बद से बदतर नजर आई साथ इस कॉलोनी से सटे कोठरी कॉलोनी जहां कुछ माह पहले डेंगू का प्रकोप था वहां अधिकतर घरों के टॉयलेट का पाईप सीधे मुख्य नाली पर देखा गया जो कि गार्बेज प्रबंधन पर सीधे सवाल उठता है ।
सवाल यह उठता है कि चिरमिरी में साफ सफाई को लेकर दो एजेंसी कार्य कर रहीं हैं फिर भी परिणाम शून्य नजर आता है ।
स्वास्थ्य मंत्री अपना काम तो कर रहे हैं पर स्थानीय प्रबंधन किसी प्रकार की जिम्मेदारी को पूर्ण करते नजर नहीं आ रहा है ।




