पर्यटन की आस में जर्जर होता ऐतिहासिक ‘गुफा मंदिर’: चिरमिरी के गौरव को बचाने की पहल क्यों नहीं?
पर्यटन की आस में जर्जर होता ऐतिहासिक ‘गुफा मंदिर’: चिरमिरी के गौरव को बचाने की पहल क्यों नहीं?

चिरमिरी। कोयलांचल नगरी चिरमिरी के हृदय, गोदरीपारा में स्थित ऐतिहासिक गुफा मंदिर शासन-प्रशासन की घोर अनदेखी के कारण आज जर्जर और उपेक्षित अवस्था में है। यह प्राचीन स्थल, जो चिरमिरी के सांस्कृतिक और धार्मिक इतिहास का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, संरक्षण की बाट जोह रहा है।
विचित्र विरोधाभास यह है कि, इसी गुफा मंदिर के ठीक ऊपर स्थित गोरखनाथ मंदिर के सौंदर्यीकरण और विकास पर स्थानीय संस्थाओं और प्रबंधन द्वारा कथित तौर पर लाखों रुपए खर्च किए जा रहे हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि जहां एक ओर आधुनिक निर्माण को बढ़ावा दिया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर चिरमिरी के वास्तविक ऐतिहासिक और पुरातात्विक महत्व वाले गुफा मंदिर की उपेक्षा की जा रही है।

अस्तित्व बचाने के लिए पर्यटन ही सहारा
लगातार घटते कोयला उत्पादन और पलायन के चलते चिरमिरी का अस्तित्व खतरे में है। ऐसे में, स्थानीय जानकार और नागरिक मांग कर रहे हैं कि चिरमिरी के गौरव को पुनर्जीवित करने के लिए पर्यटन को मुख्य आधार बनाया जाए।
पर्यटन विशेषज्ञों के अनुसार, गोदरीपारा स्थित इस गुफा मंदिर को संरक्षित कर इसे आधिकारिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा सकता है। यह न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देगा, बल्कि चिरमिरी को एक नई पहचान भी दिलाएगा। गुफा मंदिर का अनूठा स्थापत्य और प्राकृतिक परिवेश इसे पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बना सकता है।
सती मंदिर के अवशेषों से संवर्धन का सुझाव
हाल ही में, चिरमिरी में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम हुआ, जिसमें सती मंदिर को विस्थापित किया गया। विस्थापन के दौरान इस प्राचीन स्थल से जो ऐतिहासिक और पुरातात्विक अवशेष प्राप्त हुए थे, उन्हें संरक्षित करने का मुद्दा अभी भी लंबित है।
स्थानीय समुदाय ने प्रशासन के सामने एक रचनात्मक सुझाव रखा है। उनका कहना है कि सती मंदिर के इन बहुमूल्य अवशेषों को उचित तरीके से गुफा मंदिर में स्थापित और संरक्षित किया जा सकता है। इससे न केवल अवशेषों को सुरक्षित आश्रय मिलेगा, बल्कि यह गुफा मंदिर के महत्व और आकर्षण को और भी बढ़ाएगा, जिससे यह एक एकीकृत धार्मिक और ऐतिहासिक पर्यटन केंद्र बन सकेगा।
प्रशासन से सवाल
स्थानीय जनता ने प्रशासन से यह प्रश्न किया है कि जब धार्मिक स्थलों पर खर्च करने के लिए पर्याप्त राशि मौजूद है, तो चिरमिरी के इतिहास और पर्यटन क्षमता से जुड़े इस महत्वपूर्ण स्थल की उपेक्षा क्यों की जा रही है?
मांग है कि शासन-प्रशासन तत्काल इस गुफा मंदिर के जीर्णोद्धार (Restoration) और संरक्षण के लिए कार्य योजना बनाए, ताकि चिरमिरी के नागरिक भविष्य में अपने ऐतिहासिक गौरव को देख सकें और इस स्थल को पर्यटन मानचित्र पर जगह मिल सके।




